श्री वेंकटेश्वर महात्म्यं (सन् १९६०या संकिपा)
Appearance
| श्री वॆंकटेश्वर महत्यं | |
| निर्देशक | पि.पुल्लय्य |
|---|---|
| मू कलाकार | नंदमूरि तारक रामारावु, सावित्रि , ऎस्.वरलक्ष्मि |
| संगीत निर्देशक | पॆंड्याल नागेश्वररावु |
| भासा | तॆलुगु |
श्री वेंकटेश्वर महात्म्यं (तेलुगु भाषा:శ్రీ వెంకటేశ్వర మహత్యం) छगु तेलेगु भाषाया नांजागु संकिपा खः। थ्व संकिपा सन् १९६०य् पिहांवगु खः।
बाखँ
[सम्पादन]मू पात्र
[सम्पादन]| कलाकार | पात्र |
|---|---|
| नंदमूरि तारक रामारावु | श्री महा विष्णु श्रीनिवास |
| सावित्रि | पद्मावति |
| ऎस्. वरलक्ष्मि | श्री महालक्ष्मि |
| गुम्मडि वॆंकटेश्वररावु | भृगुमहार्षि |
| ऎ. वि. सुब्बारावु | आकाशराजु |
| रमणा रॆड्डि | शरभ |
| सुरभि बालसरस्वति | शरभुनिभार्य |
| नागय्य | बावाजी |
| शांतकुमारि | वकुळ |
| ऋष्येंद्रमणि | धरणीदेवि |
| पि. सूरिबाबु | नारद |
| ऎ. वि. सुब्बारावु जूनियर् | ब्रह्म |
| संध्य | सरस्वती देवि |
| लंक सत्यं | यात्रिकुडु |
| वॆंपटि सत्यं | महाशिव |
| पेकेटि शिवरां | श्रीनिवासुनि स्नेहितुडु |
| षावुकारु जानकि | ऎऱुकल सानि |
| घंटसाल वॆंकटेश्वररावु | "शेषशैलावास" मेय्य् पाहांपात्र |
| आर्. नागेश्वररावु | |
| रेलंगि वॆंकट्रामय्य | |
| बालकृष्ण | |
| वंगर वॆंकट सुब्बय्य |
म्ये
[सम्पादन]| म्ये | रचना | संगीत | गायक |
|---|---|---|---|
| ऎवरो अतडॆवरो आ नवमोहनुडॆवरो ना मानस चोरुडॆवरो | आत्रेय | पॆंड्याल | घंटसाल, पि.सुशील |
| कलगा कम्मनि कलगा मन जीवितालु मनवलॆगा | आत्रेय | पॆंड्याल | घंटसाल, पि.सुशील |
| वराल बेरमया वनरं बेरमया | पॆंड्याल | ऎस्. वरलक्ष्मि | |
| शेष शैलावास श्री वेंकटेशा, शयनिंचु मा अय्य श्री विद्विलासा | आत्रेय | पॆंड्याल | घंटसाल |
| श्रीदेविनि नीदु देवेरिनि | पॆंड्याल | ऎस्. वरलक्ष्मि |
सिरपा
[सम्पादन]स्वया दिसँ
[सम्पादन]पिनेयागु स्वापू
[सम्पादन]| तेलुगु संकिपा | |
|---|---|
| १९३० | १९४० | १९५० | १९६० | १९७० | १९८० | १९९० | २००० | २०१० | |